सोनभद्र: राख के प्रदूषण के खिलाफ ग्रामीणों का हल्लाबोल, पद संचलन कर दी आंदोलन की चेतावनी

सोनभद्र: राख के प्रदूषण के खिलाफ ग्रामीणों का हल्लाबोल, पद संचलन कर दी आंदोलन की चेतावनी ओबरा (सोनभद्र) | ओबरा तहसील के अंतर्गत ग्राम पंचायत बिल्ली मारकुंडी के टोला खैरटिया में उड़ती राख (Dry Ash) से हो रहे जानलेवा प्रदूषण के खिलाफ आज ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। अपना दल (एस) के जिला महासचिव शिवदत्त दुबे के नेतृत्व में सैकड़ों ग्रामीणों ने 'ओम चौराहा' से लेकर 'नए पुल' तक पद संचलन कर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रशासन पर वादाखिलाफी का आरोप प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए शिवदत्त दुबे ने ओबरा सीजीएम (CGM) प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि राख से फैल रही बीमारियों और स्वास्थ्य संबंधी खतरों के बारे में व्यक्तिगत रूप से सीजीएम को अवगत कराया गया था। लेकिन प्रशासन ने केवल झूठा आश्वासन देकर मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया और ग्रामीणों की जान से खिलवाड़ करना जारी रखा। जीना हुआ दुश्वार, सांस लेना भी मुश्किल श्री दुबे ने बताया कि उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उत्पादन निगम द्वारा 'ड्राई ऐश' का खुले में भंडारण किया जा रहा है। हवा के साथ यह राख उड़कर लोगों के घरों, रसोई और खाद्य सामग्रियों तक पहुँच रही है। स्थिति यह है कि: ग्रामीणों को साँस लेने में गंभीर तकलीफ हो रही है। क्षेत्र में गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। खेतों में खड़ी फसलें राख की परत से बर्बाद हो रही हैं। बड़े आंदोलन की चेतावनी ग्रामीणों ने दो-टूक शब्दों में चेतावनी दी है कि यदि इस प्रदूषण को अति शीघ्र नहीं रोका गया, तो वे उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में होने वाले किसी भी विवाद या आंदोलन की पूरी जिम्मेदारी ओबरा सीजीएम प्रशासन की होगी। प्रदर्शन में ये रहे मुख्य रूप से शामिल इस पद संचलन में मुख्य रूप से सत्यम जायसवाल (जिला अध्यक्ष, छात्र मंच), सूरज जायसवाल (जिला उपाध्यक्ष), नीरज द्विवेदी, फूलचंद जायसवाल, राजाराम जायसवाल, शरीफ खान, अनिल गौंड, प्रिंस जायसवाल, उमाकांत जायसवाल, दीपक चौधरी और भारी संख्या में महिलाएं जैसे राजवंती, कलावती, संगीता, अनीता और सुनीता समेत सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित रहे। रिपोर्ट: स्थानीय संवाददाता, ओबरा