डीपीआरओ कार्यालय में तैनात सफाई कर्मी की शिकायत डीएम से ------------ /सुल्तानपुर/
डीपीआरओ कार्यालय में तैनात सफाई कर्मी की शिकायत डीएम से ------------ /सुल्तानपुर/ डी०पी० आर० ओ० कार्यालय में अवैध रूप से रह रहे सफाई कर्मी शैलेन्द्र के खिलाफ डीएम से शिकायत हुई है।शिकायतकर्ता ने सफाई कर्मी शैलेन्द्र के कृत्यों की जांच कराकर कार्यवाही किये जाने की मांग की है। दिए गए पत्र में कहा गया है कि उक्त सफाई कर्मी डी०पी०आर०ओ० कार्यालय में तैनाती के समय से लगभग 12 वर्षों स्टाफ व सचिवों से उगाही की जाती है।जबकि नियम है कि प्रत्येक शासकीय कर्मी का तीन वर्ष बाद तैनाती स्थल में परिवर्तन किया जाना चाहिए ।परन्तु ये कार्यालय से नहीं हटते हैं एवं जुगाड़ लगा कर बने रहते है। इनकी पूर्व में हुई शिकायत के दृष्टिगत फैजाबाद उप निदेशक पंचायत द्वारा हटा दिया गया था परन्तु 5-6 माह बाद ही पुनः कार्यालय आ गये। आरोप है कि शैलेन्द्र कुमार सफाई कर्मी द्वारा कार्यालय में रहकर ग्राम पंचायतों को आवंटित राज्य वित्त व केन्द्रीय वित्त / एस०एल० डब्ल्यू०एम० की धनराशि से पूर्व डी०पी०आर०ओ० के कार्यालय में 5% वसूली की जाती है तदुपरान्त उसकी हिस्सेदारी निश्चित की जाती थी, जिसमें शैलेन्द्र कुमार सफाई कर्मचारी प्रमुख भूमिका रहती थी कहता था कि वसूली की हिस्सेदारी ऊपर तक पहुंचायी जाती है। अभी नये डी०पी०आर०ओ० के आने से बन्द है पर शैलेन्द्र कुमार सफाई कर्मचारी द्वारा कई सचिवों से फिर 5% की वसूली करने की बात कही जा रही है। आरोप है कि कार्यालय में रहते हुए अपनी सगी बहन सुमित्रा / रामखेलावन का फर्जी विकलांग प्रमाण पत्र बनाकर विकलांग सफाई कर्मी में भर्ती करा लिया है, जो ग्राम कभी नही जाती तथा घर बैठकर अवैधानिक तरीके से वेतन भी ले रही हैं। इनके विकलांग प्रमाण पत्र की डाक्टर का पैनल गठित कर जांच कराने पर पोल खुल जायेगी। शैलेन्द्र सफाई कर्मी मूल रूप से फैजाबाद के रहने वाले हैं एवं सचिवों तथा सफाई कर्मियों से धन उगाही कर अपने व रिश्तेदारों के नाम अवैध सम्पत्तियां अर्जित की गयी है। जिसकी जांच कराकर जब्त किया जाना आवश्यक है। कुड़वार के सोहगौली निवासी दिनेश पाठक ने डीएम से अनुरोध किया है कि इन्हें तत्काल कार्यालय से हटाकर व इनकी व इनकी बहन सुमित्रा देवी की पत्रावली सीज कर इनके व बहन के फर्जी अभिलेखों व इनके कृत्यों की कमेटी गठित कर जांच कराने की मांग की है।