फर्जी आवासीय विद्यालयों पर मेहरबान क्यों प्रशासन? राठ में बच्चों की सुरक्षा पर सवाल

राठ (हमीरपुर)। राठ कस्बे में फर्जी व अवैध रूप से संचालित आवासीय विद्यालयों का मामला इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। कस्बे के मोहल्लों, गलियों, किराए के मकानों और धर्मशालाओं में बिना मान्यता व बुनियादी सुविधाओं के आवासीय विद्यालय चलाए जा रहे हैं, जहां बच्चों को अमानवीय और असुरक्षित परिस्थितियों में रखा गया है। सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीरों और वीडियो में एक कमरे में दर्जनों बच्चों को ठूंसे जाने, खराब स्वच्छता, अग्नि सुरक्षा के अभाव और निकासी मार्ग न होने जैसे गंभीर हालात सामने आए हैं। इसके बावजूद अब तक प्रशासनिक स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई न होने से स्थानीय प्रशासन की भूमिका पर सवाल खड़े हो रहे हैं। जानकारों का कहना है कि अभिभावकों से भारी फीस वसूल कर बच्चों की सुरक्षा से समझौता किया जा रहा है। यदि समय रहते इन फर्जी आवासीय विद्यालयों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो यह लापरवाही किसी बड़ी दुर्घटना को दावत दे सकती है।