माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर प्रदेश के उपभोक्ता के हित के लिए लिया गया ऐतिहासिक निर्णय
*माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर प्रदेश के उपभोक्ता के हित में लिया गया ऐतिहासिक निर्णय* बिजली उपभोकाओं की मांग को देखते हुए प्रीपेड स्मार्ट मीटर पहले की तरह पोस्ट पेड के रूप में कार्य करेंगे। लखनऊ, 04 अप्रैल, 2026। उत्तर प्रदेश में विद्युत उपभोकाओं की सुविधा और उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान को लेकर सरकार अत्यन्त संवेदनशील है। प्रदेश के विद्युत उपभोक्ताओं की सुविधा को देखते हुए माननीय मुख्यमंत्री जी के निर्देश पर अब सभी प्रीपेड मीटर पोस्टपेड स्मार्ट मीटर के रूप में कार्य करेंगे। पहले की तरह ही बिजली बिल में बिल जमा करने की तिथि उल्लिखित रहेगी। बिलिंग साइकिल वैसे ही रहेगा जैसे पहले पोस्टपेड मीटर में होता था। पूर्व की तरह 1 से माह के अन्त तक बिल की खपत का एक महीने का बिल एस.एम.एस. और WhatsApp पर दिया जायेगा। जिन उपभोकाओं का मोबाईल नम्बर बदला है वे अपना नम्बर सही करवा लें। यह जानकारी आज उत्तर प्रदेश के ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा मंत्रा मंत्री श्री ए.के. शर्मा ने दी। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव ऊर्जा एवं उ.प्र. पावर कांर्पोरेशन के अध्यक्ष डॉ. आशीष कुमार गोयल भी उपस्थित थे। सभी स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को बिल प्रत्येक माह की 10 तारीख तक मिल जायेंगे। बिल मिलने की तिथि से भुगतान के लिए 15 दिन का समय दिया जायेगा। जिस उपभोक्ता को समय से बिल न प्राप्त हो वो निम्न WhatsApp Chatbots पर संयोजन संख्या सूचित कर अपना बिल व बकाया का बिल प्राप्त कर सकेंगे:- उक्त बिल 1912 पोर्टल पर शिकायत दर्ज कर भी प्राप्त किये जा सकेंगे। उपभोक्ता को सुविधा देने के लिए यह बड़ा निर्णय लिया गया है कि दिनांक 30 अप्रैल तक का (मई के बिल से पूर्व) उपभोका का जो भी बिल बकाया रहेगा वह 10 किस्तों में जमा कर सकता है। यदि किसी उपभोक्ता को बिल सम्वन्धी कोई समस्या है तो खण्ड एवं उपखण्ड स्तर पर माह मई एवं जून में वृहद् कँम्प का आयोजन कर स्मार्ट मीटर बिल सम्बन्धित शिकायत निस्तारण की सुविधा दी जायेगी। उपभोक्ता अपनी शिकायत 1912 पोर्टल पर भी दर्ज कर सकता है। ऐसे उपभोकाा जिनके परिसर में पोस्टपेड से प्रीपेड मीटर स्थापित किये गये हैं, उनकी सिक्योरिटी वापस कर दी गयी थी, उन्हें पुनः पोस्टपेड मीटर होने पर उपभोक्ता को सुविधा देते हुए एक मुश्त में न लेते हुए सिक्योरिटी को 4 किस्तों में ली जायेगी। प्रदेश की विद्युत व्यवस्था की समीक्षा करते हुए ऊर्जा मंत्री ने सभी वितरण निगमों के प्रबन्ध निदेशकों से उपभोकाओं की समस्याओं एवं उनके निस्तारण के बारे में पूछताछ की। ऊर्जा मंत्री ने निर्देशित किया कि विद्युत आपूर्ति बेहतर रहे और सभी क्षेत्रों के निर्धारित शेड्यूल के अनुरूप विद्युत प्राप्त हो। इसके लिए विशेष सतर्कता बरतें। उन्होंने कहा कि ट्रान्सफार्मर क्षतिग्रस्त नहीं होने चाहिए और यदि कहीं क्षतिग्रस्त हो तो उन्हे कम से कम समय में बदल दिया जाये। शक्ति भवन में सम्पन्न इस बैठक में प्रबन्ध निदेशक, श्री नितीश कुमार सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। (4) ऊर्जा बचाएं, देश बनाएं 1912 हेल्पलाइन शिकायत दर्ज करें: 1912.up.gov.in