अंग्रेजी नववर्ष की फूहड़ता से पहले संस्कृति बचाओ मंच की अपील, 1 जनवरी को नया वर्ष न मनाने का आह्वान

भोपाल। अंग्रेजी नववर्ष के नाम पर होने वाली कथित फूहड़ता और सांस्कृतिक विचलन को लेकर मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में हिन्दू उत्सव समिति एवं संस्कृति बचाओ मंच ने 1 जनवरी को नया वर्ष न मनाने की अपील की है। संगठन ने नागरिकों से आग्रह किया है कि वे भारतीय परंपरा के अनुरूप अपना नववर्ष गुड़ी पाड़वा के दिन ही मनाएं। संस्कृति बचाओ मंच के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी ने कहा कि यह मंच विगत कई वर्षों से लगातार 1 जनवरी को नववर्ष न मनाने का संदेश समाज को देता आ रहा है। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में नववर्ष का स्पष्ट निर्धारण है और वह चैत्र शुक्ल प्रतिपदा अर्थात गुड़ी पाड़वा को आता है, जिसे पूरे हर्षोल्लास और सांस्कृतिक गरिमा के साथ मनाया जाना चाहिए। तिवारी ने यह भी स्पष्ट किया कि 31 दिसंबर की रात और 1 जनवरी को होटलों एवं सार्वजनिक स्थलों पर हिन्दू उत्सव समिति और संस्कृति बचाओ मंच के कार्यकर्ता विशेष नजर रखेंगे, ताकि समाज में अश्लीलता, अनुशासनहीनता और सांस्कृतिक विकृति को रोका जा सके। उन्होंने कहा कि पश्चिमी परंपराओं की नकल के बजाय भारतीय नववर्ष को अपनाना ही हमारी सांस्कृतिक पहचान और गौरव को सुरक्षित रख सकता है।