*फर्जी आख्या से दबाया गया सड़क अतिक्रमण का मामला! डीएम के सामने

*फर्जी आख्या से दबाया गया सड़क अतिक्रमण का मामला! डीएम के सामने तीसरी बार पहुंची शिकायत* *सरकारी इंटरलॉकिंग मार्ग पर 7 फीट दीवार का आरोप, अवरुद्ध है स्कूल का आपातकालीन मार्ग* रुद्रपुर (देवरिया)। शनिवार को तहसील समाधान दिवस में ग्राम सभा रामचक के सार्वजनिक इंटरलॉकिंग मार्ग पर अतिक्रमण का मामला जिलाधिकारी की मौजूदगी में एक बार फिर जोरदार तरीके से उठा। प्रार्थी राणाप्रताप सिंह ने तीसरी बार शिकायत दर्ज कराते हुए हल्का लेखपाल पर फर्जी आख्या लगाकर मामले को दबाने का आरोप लगाया। प्रार्थना पत्र में कहा गया है कि ग्राम सभा रामचक में सरकारी धन से निर्मित सार्वजनिक इंटरलॉकिंग मार्ग पर अवैध कब्जा कर विद्यालय के आपातकालीन निकास द्वार के सामने करीब सात फीट ऊंची दीवार खड़ी कर दी गई है, जिससे मार्ग अवरुद्ध हो गया है। इसके बावजूद हल्का लेखपाल ने अपनी रिपोर्ट में दीवार को आपसी सहमति से निर्मित बताते हुए यह लिख दिया कि आवागमन बाधित नहीं है और इसी आधार पर प्रकरण का निस्तारण कर दिया गया। आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया है कि शिकायत के दौरान ही हल्का लेखपाल की मिलीभगत से 4 मार्च 2026 को मौके पर टिनशेड का निर्माण करा दिया गया था, जिसे अगले ही दिन 5 मार्च को हटा लिया गया, लेकिन अवैध दीवार अब भी यथावत बनी हुई है और रास्ता बंद है। प्रार्थी के अनुसार 21 फरवरी 2026 को दोबारा शिकायत करने पर मामले की जांच खंड विकास अधिकारी और एसएचओ रुद्रपुर को सौंप दी गई है। ऐसे में पहले लेखपाल द्वारा फर्जी आख्या लगाने और अब जांच दूसरी जगह भेजे जाने से पूरे प्रकरण में लीपापोती की आशंका जताई गई है। प्रार्थी ने जिलाधिकारी से मामले की निष्पक्ष जांच कर हल्का लेखपाल के खिलाफ कर्तव्य लोप पर विभागीय कार्रवाई करने तथा सार्वजनिक इंटरलॉकिंग मार्ग से अवैध दीवार हटवाकर अतिक्रमणकर्ता के विरुद्ध नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई कराने की मांग की है।