बांसगांव संदेश बरहज,हरपुर निजाम में रेशम उत्पादन में स्वच्छता एवं विसंक्रमण पर किसानों को

हरपुर निजाम में रेशम उत्पादन में स्वच्छता एवं विसंक्रमण पर किसानों को किया जागरूक देवरिया, 22 अगस्त। केंद्रीय रेशम बोर्ड एवं राज्य रेशम विभाग के संयुक्त तत्वावधान में ‘मेरा रेशम मेरा अभिमान 2.0’ अभियान के तहत ग्राम हरपुर निजाम में रेशम उत्पादन में विसंक्रमण एवं स्वच्छता प्रौद्योगिकियों को लेकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में 45 किसानों ने प्रतिभाग किया। इसका उद्देश्य किसानों को रेशम उद्योग से जोड़ने के साथ रेशमकीट पालन में स्वच्छता एवं विसंक्रमण के वैज्ञानिक उपायों के प्रति जागरूक करना रहा। कार्यक्रम का संचालन डॉ. एचएस गदाद, वैज्ञानिक-सी, केंद्रीय रेशम बोर्ड-केंद्रीय तसर अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान, रांची ने किया। उन्होंने ‘मेरा रेशम मेरा अभिमान 2.0’ अभियान के उद्देश्यों की जानकारी देते हुए उन्नत रेशम उत्पादन तकनीकों को बढ़ावा देने तथा रेशम आधारित आजीविका को मजबूत बनाने पर जोर दिया। सहायक निदेशक (रेशम) कुशीनगर/देवरिया नितेश सिंह ने जिले में रेशम उत्पादन के विकास के लिए विभाग द्वारा संचालित योजनाओं एवं किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने किसानों से विभागीय योजनाओं में सक्रिय भागीदारी करने और उन्नत तकनीकों को अपनाकर रेशम उत्पादन को लाभकारी एवं टिकाऊ आजीविका का साधन बनाने का आह्वान किया। क्षेत्रीय रेशम अनुसंधान केंद्र, गोंडा के वैज्ञानिक-डी डॉ. जितेंद्र सिंह ने रेशमकीट पालन में रोगों की रोकथाम एवं प्रभावी प्रबंधन के लिए विसंक्रमण और स्वच्छता तकनीकों की जानकारी दी। उन्होंने पालन स्थल एवं आसपास स्वच्छता बनाए रखने, उपकरणों व सामग्री का उचित विसंक्रमण करने तथा रोगग्रस्त रेशमकीटों के सुरक्षित निस्तारण पर जोर दिया। उन्होंने रेशमकीट पालन, पोषक पौध प्रबंधन एवं रेशम उत्पादन से जुड़ी उन्नत तकनीकों की भी जानकारी दी। किसानों को वैज्ञानिक पद्धतियां अपनाकर फसल नुकसान कम करने, रेशमकीटों के स्वास्थ्य में सुधार लाने तथा कोकून उत्पादन बढ़ाने के लिए प्रेरित किया गया।