पश्चिम एशिया पर सर्वदलीय बैठक खत्म: सरकार को मिला विपक्ष का साथ,

पश्चिम एशिया पर सर्वदलीय बैठक खत्म: सरकार को मिला विपक्ष का साथ, रिजिजू बोले- तेल की कोई कमी नहीं, हालात स्थिर पश्चिम एशिया संकट पर 1:45 घंटे चली सर्वदलीय बैठक में सरकार ने कहा कि हालात नियंत्रण में हैं और देश में तेल की कोई कमी नहीं है। चार जहाज भारत आ रहे हैं और कुछ जल्द होर्मुज से निकलेंगे। विपक्ष को पूरी जानकारी दी गई और सवालों के जवाब दिए गए। सरकार ने भरोसा दिलाया कि घबराने की जरूरत नहीं है। विपक्ष ने भी सरकार का साथ दिया है। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच केंद्र सरकार ने सर्वदलीय बैठक कर स्थिति पर गहन चर्चा की। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में करीब 1 घंटे 45 मिनट तक चली। इस बैठक में सरकार ने साफ संदेश दिया कि देश में हालात पूरी तरह नियंत्रण में हैं और किसी भी तरह से घबराने की जरूरत नहीं है। बैठक का मकसद विपक्ष को मौजूदा स्थिति से अवगत कराना और राष्ट्रीय स्तर पर एकजुटता दिखाना था।बैठक में सुरक्षा मामलों की कैबिनेट समिति से जुड़े मंत्री मौजूद रहे, जिनमें अमित शाह, एस जयशंकर और निर्मला सीतारमण शामिल हैं। इसके अलावा जेपी नड्डा और किरेन रिजिजू भी बैठक में शामिल हुए। विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने वैश्विक हालात और पश्चिम एशिया के संकट पर विस्तार से जानकारी दी। कांग्रेस के तारिक अनवर और मुकुल वासनिक, समाजवादी पार्टी के धर्मेंद्र यादव और बीजद के सस्मित पात्रा भी बैठक में मौजूद रहे। सरकार को मिला विपक्ष का साथसंसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि बैठक में सभी दलों ने हिस्सा लिया और सरकार के साथ खड़े होने का भरोसा दिया। उन्होंने बताया कि विपक्ष के सभी सवालों का जवाब दिया गया और मौजूदा स्थिति पर विस्तार से जानकारी साझा की गई। रिजिजू ने सभी दलों का धन्यवाद करते हुए कहा कि देशहित के मुद्दे पर राजनीतिक दलों ने एकजुटता दिखाई है और हालात के अनुसार सरकार जो भी कदम उठाएगी, उसमें पूरा सहयोग मिलेगा। क्या देश में तेल और ऊर्जा को लेकर कोई संकट है?सरकार ने स्पष्ट किया कि देश में ऊर्जा संसाधनों की कोई कमी नहीं है। तेल की सप्लाई पूरी तरह सामान्य है और पर्याप्त स्टॉक मौजूद है। सरकार ने बताया कि चार और जहाज भारत की ओर आ रहे हैं और कुछ अन्य जहाज जल्द ही होर्मुज क्षेत्र से निकलेंगे। इससे साफ है कि सप्लाई चेन को लेकर कोई बड़ा खतरा नहीं है।सरकार ने विपक्ष को क्या जानकारी दी और क्या सवाल उठे?बैठक में सरकार ने विपक्ष को मौजूदा हालात की पूरी जानकारी दी और उनके सवालों का जवाब भी दिया। विपक्ष ने सुरक्षा, तेल आपूर्ति और विदेश नीति को लेकर सवाल उठाए, जिन पर सरकार ने भरोसा दिलाया कि सभी पहलुओं पर नजर रखी जा रही है। सरकार ने कहा कि हर कदम सोच-समझकर उठाया जा रहा है। सरकार ने साफ कहा कि वैश्विक हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर तुरंत कदम उठाए जाएंगे। साथ ही आम लोगों से अपील की गई कि वे किसी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और घबराएं नहीं। सरकार का कहना है कि देश पूरी तरह तैयार है और किसी भी स्थिति से निपटने की क्षमता रखता है।