कौन कहे, किससे कहे...!

कौन कहे, किससे कहे...! जवाबदेही के प्रति गंभीर नहीं है फतेहपुर का बेसिक शिक्षा विभाग, कई बार मोबाइल रिंग जाने के बावजूद भी नहीं उठता फोन, BSA के नक्शे कदम पर चल रहे फतेहपुर नगर शिक्षा अधिकारी फतेहपुर जिले के डीएम से बात करना आसान, शिक्षा विभाग के जिम्मेदारों से बात करना हुआ टेढ़ी खीर.. भाजपा जिलाध्यक्ष अन्नू श्रीवास्तव ने मामले का लिया संज्ञान, अधिकारियों से बात कर समस्या निस्तारण का दिया भरोसा..! फतेहपुर जिले का बेसिक शिक्षा विभाग अपनी जवाबदेही के प्रति तनिक भी गंभीर नहीं है..! कक्षा 1 से 8 तक सरकारी स्कूलों में 1 से 14 जनवरी तक छुट्टी घोषित होने के बाद निजी विद्यालयों के द्वारा स्कूल खोले जाने के मामले में जब बेसिक शिक्षा अधिकारी से बात करने का प्रयास किया गया तो कई बार मोबाइल रिंग जाने के बावजूद उनका फोन नहीं उठा..! इससे दो कदम आगे फतेहपुर नगर शिक्षा अधिकारी का फोन एक बार तो उठा, किंतु जैसे ही किसी पत्रकार के फोन आने की जानकारी उन्हें प्राप्त हुई, उन्होंने हेलो हेलो कहकर फोन काट दिया, उसके बावजूद कई बार पत्रकार के द्वारा फोन किया जाता रहा, किंतु उन्होंने अपनी जवाबदेही सुनिश्चित करना मुनासिब न समझते हुए फोन उठाना ही बंद कर दिया..! इस मामले में संबंधित पत्रकार के द्वारा फतेहपुर जिलाधिकारी को फोन मिलाया गया जहां पर स्टेनो से बातचीत हुई और उन्होंने कहा कि इस मामले को लेकर बेसिक शिक्षा अधिकारी से वार्ता करके समस्या का निस्तारण कराया जाएगा। इस पूरे मामले का स्वत: संज्ञान लेते हुए भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष अन्नू श्रीवास्तव ने पूरे मामले में संबंधित पत्रकार से जानकारी हासिल करने के बाद फतेहपुर जिलाधिकारी एवं बेसिक शिक्षा अधिकारी से मामले की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए सरकारी स्कूलों की तरह प्राइवेट स्कूलों में भी अवकाश घोषित कराने का आश्वासन दिया..! पार्ट : 2 - फतेहपुर के डीएम अंकल जरा हमारी भी सुनो...! * कक्षा 1 से लेकर 8 तक के कक्षाओ में अवकाश को लेकर 31 दिसंबर 2025 को बेसिक शिक्षा अधिकारी के द्वारा जारी किए गए पत्र में साफ तौर पर कहा गया है कि बेसिक शिक्षा परिषद प्रयागराज के पत्र दिनांक 26.12.2025 के द्वारा निर्गत अवकाश तालिका में बिंदु संख्या 7 पर अंकित बेसिक शिक्षा परिषद द्वारा संचालित परिषदीय, सहायता प्राप्त एवं मान्यता प्राप्त विद्यालयों में 31 दिसंबर से 14 जनवरी तक शीतकालीन अवकाश घोषित किया गया है, अगर उक्त निर्देश की किसी विद्यालय के द्वारा अवहेलना की जाती है तो ऐसे में उन विद्यालयों के विरुद्ध कठोर दंडात्मक/ अनुशासनात्मक कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी..! वहीं दूसरी ओर उक्त निर्देश का कड़ाई से पालन कराने के लिए नगर शिक्षा समेत खंड शिक्षा अधिकारियों को भी निर्देश जारी किए गए हैं। अब सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि अगर संबंधित विभाग के अधिकारी ही फोन उठाना बंदकर देंगे तो आखिर संबंधित खबर एवं मामले को लेकर किस व्यक्ति से बात की जाए..! कुल मिलाकर जिस तरह से फतेहपुर जिले का बेसिक शिक्षा विभाग अपनी जवाबदेही सुनिश्चित न करते हुए फोन उठाना बंद कर देता है वह बड़ा गंभीर विषय है..! जिसका संज्ञान लेते हुए इस तरह के लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ जिलाधिकारी को सख्त रुख अख्तियार करते हुए कार्यवाही करना चाहिए...! इस पूरे घटनाक्रम में एक बात तो साफ समझ में आती है कि किसी भी मसले पर बात करने के लिए व्यक्ति *कौन कहे, किससे कहे के दोराहे पर खड़ा हुआ है...!