गोरखपुर: 9 साल के बच्चे की पीट-पीटकर बेरहमी से हत्या, परिजनों ने

गोरखपुर: 9 साल के बच्चे की पीट-पीटकर बेरहमी से हत्या, परिजनों ने पुलिस की लापरवाही पर उठाए सवाल दर्दनाक हादसा: गोरखपुर के पिपराइच थाना क्षेत्र में 8-9 लोगों के समूह ने दो बच्चों पर लाठी-डंडों, लोहे की रॉड और ईंट-पत्थरों से हमला किया। मासूम की मौत: हमले में गंभीर रूप से घायल 9 वर्षीय सरस सिंह की BRD मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि 15 वर्षीय शिवकुमार की हालत गंभीर बनी हुई है। परिजनों का आरोप: परिवार का कहना है कि यदि पुलिस ने पहले से चले आ रहे विवाद पर समय रहते कार्रवाई की होती, तो बच्चे की जान बचाई जा सकती थी। पुलिस की कार्रवाई: पिपराइच पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में उनके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। थाना प्रभारी का कहना है कि मेडिकल रिपोर्ट और साक्ष्यों के आधार पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। पूरा मामला गोरखपुर के पिपराइच थाना क्षेत्र स्थित मधोपुर गांव में शनिवार रात करीब 9 बजे एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। 9 वर्षीय सरस सिंह अपने 15 वर्षीय मौसेरे भाई शिवकुमार के साथ बेला चौराहे की तरफ जा रहा था। इसी दौरान मधोपुर के केवलान टोला के पास 8-9 लोगों ने उन्हें घेर लिया और लाठी-डंडों, लोहे की छड़ों तथा ईंट-पत्थरों से जानलेवा हमला कर दिया। हमले में दोनों बच्चे लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़े। चीख-पुकार सुनकर पहुंचे ग्रामीणों को देखकर हमलावर मौके से फरार हो गए। इलाज के दौरान तोड़ा दम स्थानीय लोगों की मदद से दोनों घायलों को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) पिपराइच ले जाया गया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए BRD मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। देर रात करीब 2 बजे 9 साल के मासूम सरस सिंह ने दम तोड़ दिया, जबकि शिवकुमार अभी भी जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहा है। गांव में बढ़ा तनाव, पुलिस की जांच जारी घटना के बाद से मधोपुर गांव में भारी तनाव का माहौल है। परिजनों का आरोप है कि पुलिस की ढिलाई के कारण यह वारदात हुई। वहीं, पिपराइच थाना प्रभारी विवेक त्रिवेदी ने बताया कि निष्पक्ष जांच जारी है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। साक्ष्यों और प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों के आधार पर मुकदमे में प्रासंगिक धाराओं को बढ़ाकर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।